बरेली: आंधी में मुमटी की दीवार गिरने से गंभीर रूप से घायल मजदूर रिजवान की इलाज के दौरान मौत, परिवार में कोहराम

बरेली के बिथरी चैनपुर थाना क्षेत्र के नरियावल गांव में गुरुवार को आए तेज आंधी-तूफान के दौरान घर की मुमटी की दीवार गिरने से 35 वर्षीय मजदूर मोहम्मद रिजवान गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिनकी इलाज के दौरान मौत हो गई।

बरेली: आंधी में मुमटी की दीवार गिरने से गंभीर रूप से घायल मजदूर रिजवान की इलाज के दौरान मौत, परिवार में कोहराम
HIGHLIGHTS:

बिथरी चैनपुर के ग्राम नरियावल में गुरुवार को आए भीषण आंधी-तूफान के दौरान मकान की ऊपरी मुमटी की दीवार अचानक ढह गई।

दीवार के मलबे के नीचे दबने से 35 वर्षीय दिहाड़ी मजदूर मोहम्मद रिजवान गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिन्होंने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।

मृतक रिजवान मेहनत-मजदूरी कर अपनी पत्नी और दो छोटी बेटियों का भरण-पोषण करता था, उसकी मौत से पूरा परिवार अनाथ हो गया है।

हादसे की सूचना पर पहुंची स्थानीय पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरा और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है ।

जन माध्यम
बरेली
। उत्तर प्रदेश के बरेली जनपद में गुरुवार को आए भीषण चक्रवाती आंधी-तूफान और मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई है। इस प्राकृतिक आपदा के चलते थाना बिथरी चैनपुर क्षेत्र में एक बेहद दर्दनाक हादसा सामने आया है, जहाँ आंधी के वेग के कारण मकान की मुमटी की दीवार भरभराकर गिर गई। मलबे की चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हुए एक गृहस्थ मजदूर की इलाज के दौरान अस्पताल में मौत हो गई। इस हादसे के बाद से मृतक के घर में कोहराम मचा हुआ है।

प्राप्त विवरण के अनुसार, बिथरी चैनपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम नरियावल निवासी 35 वर्षीय मोहम्मद रिजवान पुत्र मुन्ने गुरुवार को अपने घर पर मौजूद थे। इसी दौरान अचानक मौसम का मिजाज बदला और धूलभरी तेज आंधी के साथ मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। आंधी के तेज झोंकों के कारण उनके मकान की छत पर बनी मुमटी की पक्की दीवार अचानक उखड़ गई और नीचे खड़े मोहम्मद रिजवान के ऊपर आ गिरी। ईंटों और कंक्रीट के भारी मलबे के नीचे दबने के कारण रिजवान के सिर और छाती में गंभीर आंतरिक चोटें आईं।

दीवार गिरने की आवाज सुनकर दौड़े परिजनों और आसपास के ग्रामीणों ने आनन-फानन में भारी मशक्कत कर मलबे को हटाया और रिजवान को लहुलुहान हालत में बाहर निकाला। परिजन उन्हें तुरंत जिला अस्पताल ले गए, जहाँ डॉक्टरों ने उनकी नाजुक हालत को देखते हुए भर्ती कर उपचार शुरू किया। हालांकि, घावों के अत्यधिक गहरा होने के कारण मोहम्मद रिजवान जिंदगी की जंग हार गए और इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।

जैसे ही रिजवान की मौत की खबर नरियावल गांव में पहुंची, पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। परिजनों के मुताबिक, रिजवान पेशे से दिहाड़ी मजदूर था और मेहनत-मजदूरी करके ही अपने परिवार का भरण-पोषण अकेले संभालता था। रिजवान के आकस्मिक निधन से उनकी पत्नी रहिला और दो छोटी मासूम बेटियों के सिर से पिता का साया हमेशा के लिए उठ गया है। बदहवास पत्नी और रोती बिलखती बच्चियों को ढांढस बंधाने के लिए पड़ोसियों की भीड़ लगी हुई है।

घटना की आधिकारिक सूचना मिलते ही बिथरी चैनपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का मुआयना करने के बाद शव को अपने कब्जे में लिया। कानूनी प्रक्रिया के तहत शव का पंचनामा भरकर उसे अंत्यपरीक्षण (पोस्टमार्टम) के लिए बरेली मर्च्युरी भेज दिया गया है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से गरीब मजदूर के अनाथ हो चुके परिवार को तत्काल उचित दैवीय आपदा राहत कोष से सरकारी मुआवजा देने की मांग की है।