दोस्त निकला अपहरण का मास्टरमाइंड
बहेड़ी में कारोबारी के अपहरण और 50 लाख रुपये की फिरौती मांगने के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। आरोपियों ने खुद को सीबीआई अधिकारी बताकर वारदात को अंजाम दिया था।
कारोबारी के अपहरण में उसका परिचित ही साजिशकर्ता निकला।
खुद को सीबीआई अधिकारी बताकर 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई।
पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर कार, मोबाइल और नकदी बरामद की।
जन माध्यम
बहेड़ी/बरेली । बहेड़ी में कारोबारी के अपहरण और 50 लाख रुपये की फिरौती मांगने के सनसनीखेज मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस जांच में सामने आया कि वारदात की साजिश रचने वालों में कारोबारी का परिचित भी शामिल था। खुद को सीबीआई अधिकारी बताकर अपहरण करने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
कोतवाली क्षेत्र के ग्राम सिमरा निवासी अशफाक अहमद ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया था कि कुछ लोग खुद को सीबीआई अधिकारी बताकर उन्हें जबरन कार में बैठाकर ले गए। आरोप है कि रास्ते में उन्हें धमकाया गया और बाद में परिजनों से 50 लाख रुपये की फिरौती की मांग की गई। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने सर्विलांस, मोबाइल लोकेशन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की मदद से रविवार रात मुढ़िया रोड क्षेत्र में घेराबंदी कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जहीर अहमद निवासी ग्राम सिमरा, सनी अरोरा निवासी किच्छा और सुमंत यादव निवासी किशनपुर, किच्छा के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि कारोबारी को झांसे में लेकर अपहरण की योजना बनाई गई थी। पुलिस के अनुसार फिरौती वसूलने के उद्देश्य से आरोपियों ने खुद को सीबीआई अधिकारी बताने का नाटक रचा था।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त कार, तीन मोबाइल फोन और नकदी बरामद की है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही है तथा मामले में अन्य संभावित सहयोगियों की भूमिका खंगाली जा रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार समय रहते कार्रवाई होने से एक बड़ी आपराधिक साजिश का खुलासा हो गया। तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। मामले में आगे की विवेचना जारी है।