बरेलीः खाकी पर उठे सवाल, महिला की शिकायत से मचा हड़कंप
बरेली में एक महिला ने उपनिरीक्षक पर शादी का झांसा देकर दुष्कर्म, गर्भपात कराने, आर्थिक शोषण और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है।
• महिला ने उपनिरीक्षक पर शादी का झांसा देकर दुष्कर्म, गर्भपात और धमकी देने के आरोप लगाए।
• शिकायत में आर्थिक शोषण, विश्वासघात और परिवार के सदस्यों पर भी धमकाने के आरोप।
• पुलिस अधिकारियों से निष्पक्ष जांच और सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग, आरोपों की पुष्टि फिलहाल नहीं।
जन माध्यम
बरेली। खाकी पर भरोसा करके न्याय की उम्मीद लेकर थाने पहुंची एक महिला ने अब उसी पुलिस महकमे के एक उपनिरीक्षक पर बेहद संगीन आरोप लगाए हैं। बरेली की रहने वाली महिला ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को शिकायती प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया है कि पति से चल रहे वैवाहिक विवाद के दौरान उसकी मुलाकात बारादरी थाने में तैनात रहे एक उपनिरीक्षक से हुई। वहीं से शुरू हुआ भरोसे का रिश्ता धीरे-धीरे कथित तौर पर शोषण, धमकियों और मानसिक प्रताड़ना में बदल गया।
पीड़िता का आरोप है कि पुलिस अधिकारी ने पहले पति के खिलाफ कार्रवाई कराने और हर कदम पर साथ देने का भरोसा दिलाया। बाद में पुलिस विभाग में नौकरी लगवाने का आश्वासन दिया और खुद को पत्नी से अलग होने की बात कहकर शादी का वादा किया। महिला का कहना है कि इसी भरोसे का फायदा उठाते हुए आरोपी ने उसके साथ कई बार उसकी इच्छा के विरुद्ध शारीरिक संबंध बनाए।
शिकायत में महिला ने आरोप लगाया है कि वह गर्भवती हुई तो आरोपी ने जबरन गर्भपात की दवा खिलाई, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ गई और उसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। महिला ने यह भी दावा किया है कि आरोपी ने उसके साथ रहने के दौरान उसके आभूषण अपने कब्जे में ले लिए और बाद में लौटाने का आश्वासन देता रहा।
महिला का आरोप है कि जब उसने शादी का वादा पूरा करने की बात कही तो आरोपी टालमटोल करने लगा। विरोध करने पर उसे झूठे मुकदमों में फंसाने, एससी-एसटी एक्ट लगाने और जान से मरवाने तक की धमकियां दी गईं। शिकायत में आरोपी के परिवार के कुछ सदस्यों पर भी घर में घुसकर अभद्रता, मारपीट और धमकाने के आरोप लगाए गए हैं।
प्रार्थना पत्र में महिला ने दावा किया है कि हाल ही में सड़क दुर्घटना में घायल होने पर आरोपी को अस्पताल में भर्ती कराने, इलाज का खर्च उठाने और देखभाल तक की जिम्मेदारी उसने निभाई। लेकिन बाद में आरोपी के परिजन अस्पताल पहुंचे और कथित रूप से उसके साथ दुर्व्यवहार किया तथा धमकियां दीं।
महिला ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपी उपनिरीक्षक के खिलाफ दुष्कर्म, जबरन गर्भपात कराने, धमकी देने और अन्य आरोपों में मुकदमा दर्ज कर कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। उसने यह भी कहा है कि पुलिस विभाग में होने के कारण आरोपी लगातार कार्रवाई से बच निकलने की बात कहकर उसे डराता रहा।
फिलहाल इस पूरे मामले में पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। महिला द्वारा लगाए गए आरोप शिकायत और उसके बयान पर आधारित हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। मामले की वास्तविक स्थिति पुलिस जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही स्पष्ट होगी। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।