मौर्य समाज ने भरी चुनावी हुंकार
बरेली के फतेहगंज पश्चिमी में मौर्य समाज की सभा आयोजित, 2027 विधानसभा चुनाव में भागीदारी और एकजुटता पर जोर।
मौर्य समाज की सभा में 2027 चुनाव पर चर्चा
समाज की राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने पर जोर
40 हजार वोटर होने के बावजूद प्रतिनिधित्व का मुद्दा उठा
शिक्षा और एकजुटता को बताया सफलता की कुंजी
सुन्दर राजपूत । जन माध्यम
फतेहगंज पश्चिमी (बरेली)। जब कोई समाज अपनी ताकत पहचान लेता है तो सिर्फ आवाज नहीं उठती, बल्कि सत्ता तक पहुंचने की राह भी बनती है।
सभा में चुनावी रणनीति पर मंथन
मौर्य विकास संस्था, तहसील मीरगंज के तत्वावधान में कस्बे के एक बारात घर में मौर्य समाज की अहम सभा आयोजित की गई। इस बैठक में वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर रणनीति और तैयारी पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान बुद्ध और सम्राट अशोक के चित्रों पर पुष्प अर्पित कर किया गया, जिससे माहौल में सामाजिक चेतना और एकता का संदेश साफ दिखाई दिया।
समाज को कमजोर करने की कोशिश
सभा में पूर्व चेयरमेन कृष्णपाल मौर्य ने आरोप लगाया कि सरकार और क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों द्वारा मौर्य समाज को कमजोर करने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि उसकी राजनीतिक भागीदारी सीमित रहे। इस दौरान कुछ लोगों ने क्षेत्रीय विधायक के खिलाफ नारेबाजी भी की। उन्होंने समाज के लोगों से आह्वान किया कि वे एकजुट होकर अपने अधिकारों के लिए आगे आएं।
शिक्षा और एकजुटता पर दिया जोर
सभा में रमेश मौर्य ने समाज में शिक्षा के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि अभी भी जागरूकता की कमी है, जिसे दूर करना जरूरी है। अन्य वक्ताओं ने भी एकजुटता, संगठन और तैयारी पर जोर दिया। सैकड़ों लोगों की मौजूदगी ने यह साफ कर दिया कि मौर्य समाज अब राजनीतिक रूप से सक्रिय होने की दिशा में कदम बढ़ा रहा है।