कैनविज में 10 लाख निवेश कराने का आरोप, कन्हैया गुलाटी पर नया मुकदमा

बरेली में कैनविज कंपनी के खिलाफ निवेश के नाम पर 10 लाख रुपये लेने और रकम दोगुनी करने का झांसा देने का आरोप। कोर्ट के आदेश पर कन्हैया गुलाटी के खिलाफ मुकदमा दर्ज।

कैनविज में 10 लाख निवेश कराने का आरोप, कन्हैया गुलाटी पर नया मुकदमा
HIGHLIGHTS:

22 महीने में रकम दोगुनी करने का भरोसा देकर 10 लाख रुपये निवेश कराने का आरोप।

शिकायतकर्ता के मुताबिक, उसके और बेटे-बेटी के नाम पर ऑनलाइन जमा कराई गई रकम वापस नहीं मिली।

कोर्ट के आदेश पर बिथरी चैनपुर थाने में मुकदमा दर्ज; कन्हैया गुलाटी के खिलाफ पहले से भी कई मामले दर्ज होने की रिपोर्टें।

जन माध्यम
बरेली।
मेहनत से जुटाई गई रकम को बेहतर भविष्य की उम्मीद में निवेश करना किसी भी परिवार के लिए बड़ा फैसला होता है। लेकिन जब वही जमा-पूंजी वापस मिलने की उम्मीद टूटने लगे, तो परेशानी और चिंता बढ़ जाती है। कैनविज कंपनी में निवेश के नाम पर रकम जुटाने के आरोपी कन्हैया गुलाटी के खिलाफ बिथरी चैनपुर थाने में एक और मुकदमा दर्ज हुआ है। मोहनपुर उर्फ रामनगर निवासी करन सिंह ने आरोप लगाया कि 22 महीने में रकम दोगुनी करने का भरोसा देकर उनसे और उनके बेटे-बेटी के नाम पर कुल 10 लाख रुपये ऑनलाइन निवेश कराए गए। रकम वापस मांगने पर कथित तौर पर गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया है।

करन सिंह के मुताबिक, गांव के लोगों के माध्यम से उनकी मुलाकात कैनविज कंपनी के मालिक कन्हैया गुलाटी से हुई थी। आरोप है कि गुलाटी उन्हें कंपनी के कार्यालय ले गया, जहां उसकी पत्नी भी मौजूद थी। वहां कंपनी की विभिन्न योजनाओं की जानकारी देकर निवेश पर आकर्षक मुनाफे का भरोसा दिलाया गया।

शिकायतकर्ता का कहना है कि भरोसे में आकर उन्होंने अलग-अलग तारीखों पर ऑनलाइन माध्यम से अपने नाम पर आठ लाख रुपये निवेश किए। इसके अलावा बेटे नितिन पटेल के नाम पर एक लाख और बेटी पारूल पटेल के नाम पर एक लाख रुपये जमा कराए। इस तरह कुल 10 लाख रुपये निवेश किए गए।

करन सिंह के अनुसार, निवेश की रकम की गारंटी के नाम पर उनके, बेटे और बेटी के नाम से क्रमशः आठ लाख, एक लाख और एक लाख रुपये के चेक दिए गए थे। वादा किया गया था कि 22 महीने बाद निवेश की रकम दोगुनी हो जाएगी।

शिकायतकर्ता का आरोप है कि अब कन्हैया गुलाटी भूमिगत है। कुछ समय पहले तक व्हाट्सएप कॉल के जरिए बातचीत होती थी, लेकिन रकम वापस मांगने पर कथित तौर पर अभद्रता की गई और जान से मारने की धमकी दी गई। करन सिंह का कहना है कि उनकी और बच्चों की मेहनत की कमाई के 10 लाख रुपये फंस गए हैं।

कैनविज कंपनी से जुड़े निवेश मामलों में कन्हैया गुलाटी के खिलाफ पहले भी कई मुकदमे दर्ज होने की खबरें सामने आ चुकी हैं। सितंबर 2026 की रिपोर्टों के मुताबिक, बरेली में 93 मुकदमे दर्ज थे, जबकि अन्य जिलों में भी मामले दर्ज होने की जानकारी दी गई थी। उसकी गिरफ्तारी पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित होने की भी रिपोर्ट प्रकाशित हुई थी।

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, कैनविज से जुड़े मामलों में आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) को भी जांच सौंपी गई थी। सितंबर में प्रकाशित जानकारी के मुताबिक, 62 मुकदमों की विवेचना ईओडब्ल्यू को हस्तांतरित की गई थी और 12 मामलों में आरोपपत्र दाखिल किए जा चुके थे। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) भी मनी लॉन्ड्रिंग के पहलू की जांच कर रहा है।

करन सिंह की शिकायत पर दर्ज नया मुकदमा निवेशकों की रकम वापसी से जुड़े सवालों को फिर सामने लाता है। आरोपों की सच्चाई और रकम की वापसी से जुड़े तथ्यों का निर्धारण जांच तथा न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा।