बीडीए की कार्रवाई जारी, चार अवैध कॉलोनियों पर चला बुलडोजर

कैंट क्षेत्र के लाल फाटक के पास बन रहीं चार अवैध कॉलोनियों पर बीडीए ने बुलडोजर की कार्रवाई की है। चार बुलडोजर के साथ बीडीए के उपाध्यक्ष मणिकंदन ए मौके पर पहुंचे और अपने सामने ही प्रवर्तन टीम से बुलडोजर से वहां बन रहे मकानों के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई करवाई।

बीडीए की कार्रवाई जारी, चार अवैध कॉलोनियों पर चला बुलडोजर

बरेली। शहर के कैंट क्षेत्र के लाल फाटक के पास बन रहीं चार अवैध कॉलोनियों पर बीडीए ने बुलडोजर की कार्रवाई की है। चार बुलडोजर के साथ  बीडीए के उपाध्यक्ष मणिकंदन ए मौके पर पहुंचे और अपने सामने ही प्रवर्तन टीम से बुलडोजर से वहां बन रहे मकानों के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई करवाई। 
बीडीए की कार्रवाई का मौजूद लोगों ने विरोध भी किया, लेकिन टीम के आगे उनकी एक न चली। बीडीए के बुलडोजर ने 4 कॉलोनियों को ध्वस्त कर दिया। लोगों का आरोप है कि उन्हें कोई नोटिस नहीं दिया गया और उनके मकान पर बुलडोजर चला दिया गया।

कैंट एरिया में बदायूं रोड स्थित दूरदर्शन केंद्र के सामने अवैध कॉलोनियां बन रही है। बीडीए की टीम पहले भी यहां की कई कालोनियों पर बुलडोजर चला चुकी है। लेकिन कॉलोनाइजर अवैध कॉलोनी बनाने से बाज नहीं आ रहे। बीडीए की टीम 4 बुलडोजर लेकर जैसे ही कॉलोनियों में पहुंची तो वहां अफरा तफरी का माहौल हो गया। जिन घरों का निर्माण हो रहा था उन पर बुलडोजर चला दिया गया। वहां कुछ की नींव भरी थी तो उसे भी बुलडोजर से तोड़ दिया गया। इसके अलावा कॉलोनाइजर का साइट ऑफिस और सड़क को भी बुलडोजर से तोड़ दिया गया। जिन घरों में लोग रह रहे थे उनको भी नोटिस दिया गया है। बीडीए लगातार अवैध कॉलोनियों को धराशाई करने का काम कर रहा है। बीडीए उपाध्याय आईएएस अधिकारी मणिकंदन ए कहना है कि अवैध कॉलोनी बनाकर यह लोग शहर के विकास में रोड़ा डालने का काम कर रहे हैं। उनका कहना है अवैध कॉलोनाइजर के खिलाफ एफआईआर लिखाई जाएगी। और इन लोगों को भूमाफिया भी घोषित किया जाएगा। यह लोग भोले वाले लोगों को सस्ते दामों में जमीन बेच देते हैं। आर्मी से रिटायर्ड फौजी की पत्नी का सुनीता का कहना है कि उन्होंने अपनी जिंदगी भर की जमा पूंजी अपने मकान में लगा दी थी लेकिन बीडीए ने उस पर बुलडोजर चला दिया। हमें बिल्कुल समय नहीं दिया गया न कोई नोटिस दिया गया।

बीडीए उपाध्याय अधिकारी मणिकंदन ए ने बताया कि बरेली विकास प्राधिकरण द्वारा अवैध निर्माणों के विरुद्ध समय-समय पर निर्माण कार्य रोकने, सीलबन्द किए जाने एवं ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाती है। किन्तु बहुत से अवैध निर्माण चिन्हित होने से छूट जाते है। अवैध निर्माणों की पहचान ड्रोन सर्वे और थ्रीडी स्ट्रक्चर एनालेसिस के माध्यम से कराये जाने का निर्णय लिया गया है। इस सम्बन्ध में विशेषज्ञों द्वारा प्रस्तुतीकरण उपाध्यक्ष, बरेली विकास प्राधिकरण के समक्ष किया गया। सर्वे और एनालेसिस के माध्यम से अवैध निर्माणों का सटीक चिन्हांकन किया जा सकेगा। जिससे चोरी-छिपे होने वाले निर्माणों को भी चिन्हित किया जा सकेगा तथा अवैध निर्माण किस समय किया गया है यह भी स्पष्ट हो सकेगा। जिससे अवैध निर्माण के सम्बन्ध में दोषी कार्मिकों का उत्तरदायित्व भी निर्धारित किया जा सकेगा। प्राधिकरण द्वारा अवैध निर्माणों के ड्रोन सर्वे का कार्य शीघ्र कराकर उत्तर प्रदेश नगर नियोजन एवं विकास अधिनिमय-1973 की सुसंगत धाराओं के अन्तर्गत कार्रवाई की जायेगी।